रायपुर – गोदावरी इस्पात प्लांट मे बड़ा हादसा

औद्योगिक


PNBCG NEWS TILDA NEORA

ढांचा गिरने से छह मजदूरों की मौत, कई घायल

रायपुर (छत्तीसगढ़)। राजधानी रायपुर के सिलतरा औद्योगिक क्षेत्र में शुक्रवार शाम बड़ा हादसा हो गया। गोदावरी पावर एंड इस्पात लिमिटेड के प्लांट का एक बड़ा ढांचा भरभरा कर गिर गया, जिसमें छह मजदूरों की मौके पर मौत हो गई और छह अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए।

हादसा कैसे हुआ?

शुक्रवार शाम लगभग 5 बजे मजदूर रोज की तरह काम कर रहे थे। तभी संयंत्र का एक हिस्सा अचानक गिर पड़ा और कई मजदूर मलबे में दब गए। हादसे के बाद प्लांट में अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोग और कर्मचारी तुरंत मदद के लिए आगे आए और पुलिस व बचाव दल को सूचना दी।

पुलिस और प्रशासन की त्वरित कार्रवाई

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) लाल उमेद सिंह ने बताया—

“घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची। मलबे में दबे लोगों को निकालने का काम जारी है। घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। कुछ और मजदूरों के फंसे होने की आशंका है।”

घायलों का इलाज

सभी घायलों को नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। प्रशासन द्वारा घायलों की पहचान और उनके परिवारों को सूचना देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

जांच के आदेश

घटना की गंभीरता को देखते हुए जिला प्रशासन ने तत्काल जांच के आदेश दिए हैं। कलेक्टर ने कहा कि फैक्ट्री में औद्योगिक सुरक्षा मानकों का पालन हो रहा था या नहीं, इसकी गहन जांच की जाएगी। शुरुआती स्तर पर प्रबंधन की लापरवाही की आशंका जताई जा रही है।

स्थानीय प्रशासन की मौजूदगी

जिला प्रशासन और फैक्ट्री निरीक्षक की टीम घटनास्थल पर मौजूद है। विस्तृत जांच रिपोर्ट तैयार की जाएगी और यदि लापरवाही पाई जाती है तो प्रबंधन के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

उठते सवाल

यह हादसा एक बार फिर से मजदूरों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े करता है—

  • क्या संयंत्र में पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम थे?
  • क्या मजदूरों को जरूरी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए गए थे?
  • क्या कोई पहले से चेतावनी के संकेत थे जिन्हें अनदेखा किया गया?

आगे की कार्रवाई

रायपुर पुलिस ने हादसे की FIR दर्ज कर ली है। दुर्घटना के कारणों की जांच के लिए टेक्निकल एक्सपर्ट्स की टीम गठित की गई है और प्लांट प्रबंधन से पूछताछ जारी है।

नतीजा

यह हादसा न केवल छह परिवारों को अपार पीड़ा देकर गया है, बल्कि औद्योगिक सुरक्षा की अनदेखी को भी उजागर करता है। पीड़ित परिवारों को मुआवज़ा और दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग जोर पकड़ रही है।


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *