हथियारों के खिलाफ जागरूकता का असर, तिल्दा-नेवरा में 20 से अधिक हथियार स्वेच्छा से जमा

Fashion

तिल्दा-नेवरा। रायपुर ग्रामीण पुलिस की लगातार कार्रवाई और जनजागरूकता अभियान का असर अब जमीन पर दिखाई देने लगा है। अपराध होने के बाद कार्रवाई के बजाय अपराध की संभावनाओं को पहले ही रोकने की दिशा में पुलिस की पहल को ग्रामीणों, सरपंचों और जनप्रतिनिधियों का सहयोग मिल रहा है।
पुलिस के अनुसार, तिल्दा-नेवरा क्षेत्र में सरपंचों एवं जनप्रतिनिधियों की पहल से ग्रामीणों ने स्वयं आगे आकर 20 से अधिक हथियार एवं अन्य आपत्तिजनक सामान पुलिस के समक्ष जमा कराया है। इनमें चाकू, तलवार, रॉड सहित अन्य सामग्री शामिल है।
पुलिस द्वारा गांव-गांव में ग्रामीणों, युवाओं और पालकों को हथियार रखने के नुकसान तथा उनके संभावित दुरुपयोग से होने वाली गंभीर घटनाओं के बारे में जागरूक किया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि मामूली विवाद या गुस्से में हाथ में मौजूद हथियार गंभीर चोट, जानलेवा हमला अथवा हत्या जैसी बड़ी घटना का कारण बन सकता है।

बच्चों और युवाओं को हथियारों से दूर रखने पर जोर

पुलिस द्वारा पालकों से विशेष रूप से अपील की जा रही है कि वे बच्चों और युवाओं को हथियारों से दूर रखें। घर, वाहन अथवा आसपास अनावश्यक रूप से रखे चाकू, तलवार, रॉड या अन्य आपत्तिजनक सामग्री के संबंध में भी सजग रहें।
रायपुर ग्रामीण पुलिस का उद्देश्य केवल अपराध होने के बाद आरोपियों पर कार्रवाई करना नहीं, बल्कि अपराध की संभावित परिस्थितियों को घटना बनने से पहले ही खत्म करना है। इसी उद्देश्य से पुलिस और जनप्रतिनिधियों के समन्वय से लगातार जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है।
पुलिस के मुताबिक, 20 से अधिक हथियारों का स्वेच्छा से जमा कराया जाना पुलिस, सरपंचों, जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों के बीच बढ़ते विश्वास एवं जनसहयोग का सकारात्मक उदाहरण है।
रायपुर ग्रामीण पुलिस ने कहा है कि अपराधियों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ कार्रवाई के साथ-साथ जनजागरूकता और जनसहयोग के माध्यम से अपराध की रोकथाम का अभियान आगे भी जारी रहेगा।

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *